नाव पलटने से 11 ग्रामीण गंगा में डूबे समय रहते सकुशल बचाई जान। Uttarakhand 24×7 Live news
खबर लक्सर से हैं
गंगा नदी पार सिद्ध कुटी (श्री चंद महाराज) के मंदिर से भंडारा देकर वापस लौट रहे अलावलपुर गांव के ग्रामीणों की नाव गंगा में पड़े एक पाइप से टकराकर पलट गई। नाव सवार 11 ग्रामीण और उनकी 8 मोटर साइकिल भी नदी में बह गई । इस बीच गंगा किनारे पर अपने खेतों की रखवाली कर रहे कई युवकों ने गंगा में छलांग लगा दी और गंगा में डूब रहे ग्रामीणों को बचाने की कोशिश की। ग्रामीणों ने इसकी जानकारी पुलिस को दी। सूचना पाकर पुलिस मौके पर पहुंच गई कई घंटे की मशक्कत के बाद पुलिस ने गंगा में बह रहे सभी लोगों को बाहर निकाल लिया और उनकी सात बाइक को गंगा से निकाली गई लेकिन एक बाइक का पता नहीं लग सका।
लक्सर के अलावलपुर गांव निवासी एक महिला समेत 11 ग्रामीण गंगा नदी के दूसरी पार चिड़िया पुर गांव के जंगल में स्थित श्री चंद्र भगवान के सिद्ध कुटी मंदिर में भंडारा देने के लिए गए थे। इस दौरान ग्रामीण अपनी 8 मोटरसाइकिल को भी अपने साथ लेकर गए थे। उधर से वापस लौटते समय सभी ग्रामीणों ने अपनी बाइको को को नाव के ऊपर चढ़ा लिया इस दौरान नाव में कोतवाली क्षेत्र के रामपुर रायघटी गांव के भी चार व्यक्ति नाव में सवार हो गए। लेकिन जैसे ही नाव थोड़ी दूर चली तो इस बीच नाव गंगा में पड़े एक पाइप से टकरा गई तथा पलट गई और सभी ग्रामीण गंगा में डूबने लगे इस बीच गंगा के किनारे पर अपनी प्लीज की रखवाली कर रहे रामपुर रायघटी गांव के युवक गंगा में कूद गए तथा डूब रहे ग्रामीणों को बचाने की कोशिश की। इस बीच उन्होंने इसकी जानकारी भिक्कमपुर चौकी पुलिस को भी दी। जानकारी मिलते ही निकट के गांव के ग्रामीण वह चौकी प्रभारी अशोक रावत मौके पर पहुंच गए। उन्होंने इसकी जानकारी अपने उच्चाधिकारियों को दी जानकारी मिलते ही कोतवाली प्रभारी निरीक्षक अमरजीत सिंह व पुलिस क्षेत्राधिकारी मनोज ठाकुर ने भी तत्काल घटना की जानकारी ली। इसके बाद ग्रामीणों ने डूब रहे सभी ग्रामीणों को सकुशल बाहर निकाला। भिककम्पुर जीतपुर के ग्राम प्रधान रविंद्र चौहान ने बताया कि इस दौरान ग्रामीणों के साथ मोटरसाइकिल को सकुशल बाहर निकाल लिया गया। जबकि एक बाइक गंगा से नहीं निकाली जा सकी। क्योंकि पानी का जलस्तर बढ़ गया था। उधर लक्सर कोतवाली प्रभारी निरीक्षक अमरजीत सिंह ने बताया कि गंगा में डूब रहे ग्रामीणों को सकुशल निकाल लिया गया है तथा उनके परिजन भी मौके पर पहुंच गए थे तभी अपने घर चले गए हैं।
