समान कार्य-समान वेतन से लेकर सहकारिता नीति तक, धामी कैबिनेट के बड़े फैसले जाने। Uttarakhand 24×7 Live news

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देहरादून। मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी की अध्यक्षता में मंगलवार को सचिवालय में कैबिनेट की महत्वपूर्ण बैठक आयोजित हुई। बैठक में विभिन्न विभागों से जुड़े कई अहम प्रस्तावों पर चर्चा के बाद मंत्रिमंडल ने अपनी मंजूरी दी। बैठक के बाद मुख्यमंत्री के अपर सचिव बंशीधर तिवारी ने प्रेस कॉन्फ्रेंस कर कैबिनेट के फैसलों की जानकारी दी।
कैबिनेट का सबसे बड़ा फैसला पूर्व अग्निवीरों को लेकर रहा। सरकार ने सेवा पूरी कर वापस लौटने वाले अग्निवीरों के लिए समर्पित प्रकोष्ठ गठित करने का निर्णय लिया है। इसके लिए छह पदों के साथ अलग सेल बनाया जाएगा, जो अग्निवीरों के पुनर्वास और रोजगार से जुड़े मामलों में समन्वय का काम करेगा।
वहीं, उपनल कर्मचारियों को समान कार्य-समान वेतन का लाभ तीन चरणों में देने के प्रस्ताव को भी मंजूरी दी गई है। दूसरे चरण की शुरुआत 9 नवंबर से होगी और वर्ष 2018 तक के पात्र कर्मचारियों को इसका लाभ मिलेगा। एक जनवरी 2016 से ब्रेक वाले कर्मचारियों को महंगाई भत्ते का लाभ देने के लिए शासन स्तर पर समिति का गठन किया जाएगा।
कैबिनेट ने उत्तराखंड राज्य सहकारी नीति-2026 को भी मंजूरी दे दी है। नीति के तहत सात प्रमुख मिशन निर्धारित किए गए हैं। इसके अलावा कार्मिकों की वेतन नियमावली में आंशिक संशोधन करते हुए लेवल-15 और लेवल-16 से जुड़े प्रावधानों में बदलाव किया गया है।
परिवहन विभाग से जुड़े प्रस्ताव में उत्तराखंड मोटरयान कराधान सुधार अधिनियम को मंजूरी मिली है। सीएनजी वाहनों को ग्रीन सेस में मिलने वाली छूट जारी रहेगी, जबकि हाइब्रिड वाहनों को दी गई राहत वापस लेने का फैसला किया गया है। साथ ही नई ईवी पॉलिसी का अध्ययन करने के निर्देश दिए गए हैं।
स्वास्थ्य क्षेत्र में उत्तराखंड मेडिकल सप्लाई कॉर्पोरेशन के गठन को मंजूरी दी गई है। यह कॉर्पोरेशन औषधियों, सर्जिकल सामग्री और चिकित्सा उपकरणों की खरीद कर सकेगा। वहीं हरिद्वार में राष्ट्रीय रोग नियंत्रण केंद्र की शाखा के लिए एक एकड़ भूमि उपलब्ध कराने के प्रस्ताव को भी स्वीकृति दी गई है।
राजस्व विभाग में उत्तराखंड आबादी सर्वेक्षण अभिलेख नियमावली को मंजूरी दी गई है। इसके तहत ग्रामीण क्षेत्रों के साथ शहरी क्षेत्रों को भी शामिल किया जाएगा। वित्त विभाग के प्रस्ताव पर उत्तराखंड लोकायुक्त अधिनियम-2014 के तहत सर्च कमेटी-2026 के गठन को मंजूरी मिली है।
शहरी विकास विभाग के तहत शहरी निकायों में पेयजल और सीवरेज से जुड़े कार्यों के लिए भी कैबिनेट ने स्वीकृति प्रदान की है। वहीं रिस्पना-काठ बंगला क्षेत्र में 116 आवासों से जुड़ी मलिन बस्ती के लोगों से ली जाने वाली 10 प्रतिशत राशि सरकार द्वारा वहन करने का फैसला किया गया है।
ऋषिकेश में अंत्योदय फाउंडेशन के कैंसर इंस्टीट्यूट के प्रस्ताव को भी कैबिनेट की मंजूरी मिली है। कृषि विभाग में उत्तराखंड सीड्स एंड डेवलपमेंट कॉर्पोरेशन के तृतीय और चतुर्थ श्रेणी कर्मचारियों को अन्य विभागों में समायोजित करने का निर्णय लिया गया है।
लोक निर्माण विभाग को बरसात के बाद क्षतिग्रस्त सड़कों की मरम्मत के लिए आवश्यक कार्रवाई के निर्देश दिए गए हैं। बारिश समाप्त होते ही कार्य शुरू कराने के लिए निविदा प्रक्रिया पूरी की जाएगी। उच्च शिक्षा विभाग में उत्तराखंड निजी विश्वविद्यालय अधिनियम के तहत उत्तरांचल विश्वविद्यालय की नियमावली को भी मंजूरी दी गई है।
ऊर्जा क्षेत्र में कैबिनेट ने UPCL के 1320 मेगावाट के कोयला आधारित पावर प्लांट को लेकर भी महत्वपूर्ण फैसला लिया है। न्यूनतम बोली के आधार पर परियोजना 25 वर्षों के लिए अदाणी समूह को दिए जाने को मंजूरी दी गई है। इसके लिए छत्तीसगढ़ में कोल ब्लॉक आवंटित किया गया है और पावर प्लांट अदाणी पावर द्वारा स्थापित किया जाएगा।
इस तरह धामी कैबिनेट की बैठक में कर्मचारियों, अग्निवीरों, स्वास्थ्य, परिवहन, ऊर्जा, सहकारिता, शहरी विकास और सड़क निर्माण समेत कई महत्वपूर्ण क्षेत्रों से जुड़े फैसलों पर मुहर लगाई गई।

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